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Haldwani: हल्द्वानी में 55 फीट के रावण का दहन, हजारों लोगों ने देखा अधर्म पर धर्म की जीत का मंचन

Haldwani: हल्द्वानी में 55 फीट के रावण का दहन, हजारों लोगों ने देखा अधर्म पर धर्म की जीत का मंचन
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Haldwani: विजयादशमी के पावन पर्व पर नगर की प्राचीन श्री रामलीला संचालन समिति, हल्द्वानी की ओर से रामलीला मैदान में अधर्म पर धर्म की विजय का भव्य मंचन किया गया। रावण दहन देखने के लिए पूरा शहर रामलीला मैदान में उमड़ पड़ा। हजारों की संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं से प्राचीन रामलीला मैदान खचाखच भर गया। भगवान श्रीराम के हाथों 55 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया गया। इस दौरान भव्य आतिशबाजी आकर्षण का केंद्र रही।

विजयादशमी के अवसर पर दिन की लीला में अहिरावण वध, राम-रावण महासंग्राम और रावण वध के प्रसंगों का सजीव मंचन किया गया। व्यास पुष्कर दत्त शास्त्री ने लीला का वर्णन करते हुए बताया कि जब अहिरावण छलपूर्वक भगवान श्रीराम और लक्ष्मण को पाताल लोक ले गया, तब हनुमान जी पाताल लोक पहुंचे। वहां उनका सामना अपने ही पुत्र मकरध्वज से हुआ। इसके बाद हनुमान जी ने अहिरावण का वध कर प्रभु श्रीराम और लक्ष्मण को मुक्त कराया।

राम-रावण महासंग्राम के दौरान रावण के नाभि में अमृत होने के कारण उसका अंत नहीं हो पा रहा था। विभीषण के बताए रहस्य के आधार पर भगवान श्रीराम ने रावण की नाभि पर बाण चलाया, जिसके बाद अहंकारी रावण का अंत हुआ। रावण वध के पश्चात माता सीता की अग्नि परीक्षा का मार्मिक दृश्य प्रस्तुत किया गया, जिसे देखकर दर्शक भावुक हो उठे।

रामलीला में गोस्वामी तुलसीदास की चौपाई ‘सीता प्रथम अनल महुं राखी। प्रगट कीन्हि चह अंतर साखी॥’ के माध्यम से प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया गया। इसके बाद असत्य और अहंकार के प्रतीक 55 फीट ऊंचे रावण के पुतले का भगवान श्रीराम के हाथों दहन किया गया। रावण दहन के साथ हुई आतिशबाजी ने पूरे मैदान को उत्सवमय बना दिया।

रात्रिकालीन लीला में मायावी मेघनाद का लक्ष्मण के हाथों वध और अहंकारी रावण के अंत का मंचन किया गया। विजयादशमी के अवसर पर बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों ने रावण दहन के साक्षी बनकर अपने बच्चों को सनातन धर्म के इस पावन पर्व का महत्व भी समझाया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि राज्यसभा सांसद दिनेश आर्य तथा विशिष्ट अतिथि हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश, कालाढूंगी विधायक बंशीधर भगत और महापौर गजराज बिष्ट रहे। अन्य अतिथियों में दर्जा राज्य मंत्री अनिल कपूर डब्बू, शंकर कोरंगा, भाजपा प्रदेश महामंत्री तरुण बंसल, जिलाध्यक्ष प्रताप बिष्ट, भगवान सहाय, समीर आर्य, ललित जोशी, प्रदीप बिष्ट, मोहन पाठक, हरिमोहन अग्रवाल, हरिमोहन अरोरा और छात्रसंघ अध्यक्ष आर्यन बेलवाल सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

श्री रामलीला संचालन समिति के रिसीवर एबी बाजपेई एवं समिति सदस्यों एनबी गुणवंत, विवेक कश्यप, प्रेम गुप्ता, अतुल अग्रवाल, भवानी शंकर नीरज, मनोज गुप्ता, तरंग बंसल, बसंत अग्रवाल, प्रमोद भट्ट, विनीत अग्रवाल, तनुज गुप्ता, योगेश शर्मा और विजय भट्ट ने अतिथियों एवं नगरवासियों का स्वागत किया।

रामलीला के सफल आयोजन में स्वयंसेवकों ने भी महत्वपूर्ण योगदान दिया। इनमें रितेश जोशी, सुशील शर्मा, नब्बू भाई, महेश राजा, वंश गुप्ता, मान तेजवानी, यश अग्रवाल, जितेंद्र देवल, तुषार सोनकर, शुभम कश्यप, सुमित साहू, अतुल जायसवाल, सूर्यांश गुप्ता, प्रतीक अग्रवाल, रोहित श्रीवास्तव, राजेश गोयल, वासु, सुशील साहू, तरुण गुप्ता और कपिल अग्रहरि सहित अन्य स्वयंसेवक शामिल रहे।

वहीं, व्यास पूजन का आयोजन संचालन समिति के सदस्य एवं रिसीवर एबी बाजपेई के साथ गोपाल पाल, विवेक कश्यप, अतुल अग्रवाल, राजेंद्र मुन्ना, सौरभ अग्रवाल और विकास गोयल ने किया।

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