Haldwani: कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने शनिवार को हल्द्वानी के रामलीला मैदान से उत्तराखंड में पार्टी के चुनावी अभियान का विजय शंखनाद किया। प्रदेशभर से पहुंचे हजारों कांग्रेस कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए खरगे ने दावा किया कि हल्द्वानी से उत्तराखंड में कांग्रेस की जीत की शुरुआत होगी और प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनेगी।
खरगे ने उत्तराखंड से अपने पुराने जुड़ाव को याद करते हुए वर्ष 1973 में पंतनगर विश्वविद्यालय आने का जिक्र किया। उन्होंने उत्तराखंड के लोगों को सभ्य, आदर्श और बहादुर बताते हुए कहा कि देवभूमि उत्तराखंड वीरों की भूमि भी है। उन्होंने देश के पहले परमवीर चक्र से जुड़े उत्तराखंड के वीर सपूत का भी उल्लेख किया।
आजादी के आंदोलन का जिक्र करते हुए खरगे ने भाजपा और संघ पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी ने 8 अगस्त को भारत छोड़ो आंदोलन का आह्वान किया था, लेकिन भाजपा और संघ का स्वतंत्रता आंदोलन में कोई योगदान नहीं रहा। खरगे ने कहा कि जो लोग आजादी के आंदोलन में जेल नहीं गए, वे आज कांग्रेस को देशभक्ति का पाठ पढ़ा रहे हैं।
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि उनकी पार्टी संविधान, लोकतंत्र, गरीबों, महिलाओं और छात्रों के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष कर रही है। उन्होंने राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा का जिक्र करते हुए कहा कि राहुल गांधी ने कन्याकुमारी से कश्मीर तक संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए पदयात्रा की।
बेरोजगारी के मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार को घेरते हुए खरगे ने 2014 के दो करोड़ रोजगार प्रतिवर्ष देने के वादे पर सवाल उठाया। उन्होंने दावा किया कि देश में करीब 30 लाख सरकारी पद खाली हैं, लेकिन उन्हें भरा नहीं जा रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के पास रोजगार और विकास को लेकर स्पष्ट विजन और योजना है।
खरगे ने कहा कि कांग्रेस सत्ता में आई तो मेरिट के आधार पर बिना पैसे के सरकारी नौकरी देने की व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। उन्होंने उत्तराखंड के युवाओं की प्रतिभा का जिक्र करते हुए अल्मोड़ा के युवा इनोवेटर रवि टम्टा का उदाहरण दिया और उनके उड़ने वाली कार तैयार करने के प्रयास की सराहना की।
भ्रष्टाचार के मुद्दे पर भाजपा पर निशाना साधते हुए खरगे ने आरोप लगाया कि जिन नेताओं पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए जाते हैं, बाद में उन्हीं नेताओं को भाजपा में शामिल कर लिया जाता है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि भाजपा कथित तौर पर ऐसे नेताओं को ‘वॉशिंग मशीन’ में डालकर साफ करने का काम कर रही है।
अपने राजनीतिक सफर का जिक्र करते हुए खरगे ने कहा कि वह 58 वर्षों से राजनीति में हैं और ब्लॉक अध्यक्ष से लेकर कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष तक पहुंचे हैं। उन्होंने कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में खाद्य सुरक्षा कानून और मनरेगा जैसे कानून बनाए जाने का उल्लेख किया। साथ ही पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के कार्यकाल में किसानों के करीब 62 हजार करोड़ रुपये के कर्ज माफ किए जाने का दावा किया।
पेपर लीक के मुद्दे पर भी खरगे ने केंद्र सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि बार-बार पेपर लीक होने से विद्यार्थी परेशान हैं और जब छात्र अपनी मांगों को लेकर जंतर-मंतर पर आंदोलन करते हैं तो उनके साथ दमनात्मक रवैया अपनाया जाता है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को चुनौती देते हुए छात्रों और जंतर-मंतर के आंदोलन के मुद्दे पर संसद में बहस कराने की बात कही।
अपने संबोधन के दौरान खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा, “मोदी जी, तुमसे और तुम्हारे शाह से नहीं डरते। 56 इंच की छाती सिकुड़ गई क्या? विद्यार्थियों से बात नहीं कर सकते क्या?”
वहीं, खरगे की जनसभा से पहले कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने हल्द्वानी में एसएसपी कार्यालय के बाहर धरना दिया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल और नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य कार्यकर्ताओं के साथ धरने पर बैठे। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि जनसभा में शामिल होने आ रहे कार्यकर्ताओं के वाहनों को पुलिस जगह-जगह रोक रही है।
नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने आरोप लगाया कि पुलिस प्रशासन सरकार के एजेंट के रूप में काम कर रहा है और कांग्रेस कार्यकर्ताओं को सभा में पहुंचने से रोकने के लिए वाहनों की जांच की जा रही है। हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश ने भी पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए। उन्होंने नैनीताल एसएसपी मंजूनाथ टीसी पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं के वाहनों को रोके जाने का आरोप लगाते हुए पुलिस की कार्यशैली के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी दी।
कुल मिलाकर, खरगे की हल्द्वानी रैली में कांग्रेस ने चुनावी अभियान का आगाज करते हुए बेरोजगारी, पेपर लीक, भ्रष्टाचार, किसानों और संविधान के मुद्दों को केंद्र में रखा और भाजपा सरकार पर जमकर राजनीतिक हमला बोला।

Chief Editor, Aaj Khabar
