Haridwar: उत्तराखंड में गुरु पूर्णिमा के दिन शुरू किए गए ऑपरेशन कालनेमि का असर अब जमीन पर दिखने लगा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के आदेश पर हरिद्वार पुलिस ने इस अभियान को तेजी से अंजाम देते हुए 13 फर्जी बाबाओं को पकड़ा है जो लंबे समय से साधु का वेश धारण कर लोगों को गुमराह कर रहे थे।
नगर कोतवाली क्षेत्र में हुई इस कार्रवाई में पकड़े गए सभी फर्जी बाबाओं के खिलाफ पहले से शिकायतें मिल रही थीं। पुलिस ने इन पर धार्मिक आस्था का दुरुपयोग कर जनता को भ्रमित करने का आरोप लगाया है।
हरिद्वार के एसएसपी प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने साफ किया कि धार्मिक नगरी की गरिमा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा और कांवड़ मेले से पहले ये सख्त संदेश दिया जा रहा है कि फर्जी साधु-संतों की अब कोई जगह नहीं है।
इसी अभियान के तहत थाना श्यामपुर पुलिस ने 18 बहुरूपिए सपेरे बाबाओं को भी गिरफ्तार किया है जो कांवड़ यात्रियों को तंत्र-मंत्र और जादू-टोना दिखाकर भ्रमित कर रहे थे। पुलिस के अनुसार इनकी गतिविधियों से भीड़भाड़ और तनाव की स्थिति बन रही थी, जिससे किसी अप्रिय घटना की आशंका थी।
अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत रविंद्र पुरी ने ऑपरेशन कालनेमि का समर्थन करते हुए इसे हिंदू धर्म की रक्षा की दिशा में एक सराहनीय कदम बताया है। मुख्यमंत्री धामी पहले ही लैंड जेहाद, लव जेहाद और मजार जेहाद के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर चुके हैं और अब फर्जी साधुओं के खिलाफ यह मुहिम पूरे राज्य में चल रही है।
For latest news updates click here
For English news updates click here

Chief Editor, Aaj Khabar

