Dehradun: सामाजिक समरसता, सामाजिक सौहार्द, समान अवसर और समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान के मुद्दे को लेकर भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के आह्वान पर सोमवार को उत्तराखंड के सभी जिला मुख्यालयों पर प्रदेशव्यापी धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। देहरादून के गांधी पार्क में आयोजित धरने में भाजपा पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और विभिन्न वर्गों के लोगों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।
धरने को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि सामाजिक सम्मान, समानता और सौहार्द किसी राजनीतिक दल विशेष तक सीमित विषय नहीं हैं, बल्कि देश के सामाजिक ताने-बाने और लोकतांत्रिक मूल्यों से जुड़े मुद्दे हैं। उन्होंने कांग्रेस से सवाल किया कि लंबे शासनकाल के दौरान दलित, वंचित और पिछड़े समाज के सामाजिक, शैक्षिक और आर्थिक उत्थान के लिए पार्टी ने कौन-कौन से ठोस और प्रभावी कदम उठाए।
वक्ताओं ने डॉ. भीमराव आंबेडकर के योगदान का उल्लेख करते हुए कांग्रेस पर उनके विचारों और योगदान को पर्याप्त सम्मान नहीं देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि डॉ. आंबेडकर ने सामाजिक न्याय, समानता और वंचित वर्गों के अधिकारों के लिए अपना पूरा जीवन संघर्ष किया, ऐसे में उनके योगदान को लेकर कांग्रेस से जवाब मांगा जाना जरूरी है।
भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा ने कहा कि लोकतंत्र में सवाल पूछना जनता का अधिकार है और राजनीतिक दलों की जिम्मेदारी है कि वे तथ्यों के साथ उनका जवाब दें। मोर्चा सामाजिक विभाजन के बजाय सामाजिक समरसता, समान अवसर, आपसी सम्मान और सभी वर्गों को साथ लेकर चलने की भावना को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है।
वक्ताओं ने कहा कि समाज के प्रत्येक वर्ग को सम्मान और समान अवसर मिलने पर ही सामाजिक सौहार्द मजबूत होगा। प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों पर आयोजित धरना-प्रदर्शनों के जरिए सामाजिक एकता, भाईचारे, समानता और सम्मान का संदेश दिया गया। भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा ने वंचित और पिछड़े वर्गों के सम्मान तथा सामाजिक समरसता के लिए आगे भी आवाज उठाते रहने की बात कही।
देहरादून में आयोजित धरने में कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, देहरादून मेयर सौरभ थपलियाल, प्रदेश प्रवक्ता कमलेश रमन, पूर्व मेयर सुनील उनियाल (गामा), विनय गोयल, विधायक विनोद चमोली, रणजीत सिंह जाखी, दयाराम, धीरज भंडारी सहित भाजपा के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

Chief Editor, Aaj Khabar
