॰ महज 16 दिन पहले शुरू हुआ था यातायात
॰ ग्राउंड जीरो पहुंचे डीएम आशीष चौहान, तीन घंटे में मरम्मत के निर्देश
॰ भारी बारिश में एप्रोच रोड बहने से यातायात प्रभावित
॰ डीएम ने दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की दी चेतावनी
Dehradun: राजधानी देहरादून के प्रेमनगर स्थित नंदा की चौकी के पास टौंस नदी पर 16 करोड़ रुपये की लागत से बने पुनर्निर्मित पुल के पास एप्रोच रोड धंसने से निर्माण गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो गए हैं। महज 16 दिन पहले यातायात के लिए खोले गए इस पुल के समीप बड़ा गड्ढा बनने के बाद प्रशासन ने एहतियातन वाहनों की आवाजाही रोक दी। हालांकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि पुल सुरक्षित है और क्षति पुल की एप्रोच रोड पर हुई है, जहां भारी बारिश के कारण नीचे की मिट्टी बह गई।
पिछले वर्ष बरसात में पुराना पुल क्षतिग्रस्त होने के बाद करीब 16 करोड़ रुपये की लागत से इसका पुनर्निर्माण कराया गया था। इससे पहले 11 जुलाई को टौंस नदी के तेज बहाव में अस्थायी ह्यूम पाइप पुलिया बह गई थी, जिसके बाद 12 जुलाई से इस नए पुल पर यातायात शुरू कराया गया था। अब पहली ही मानसूनी बारिश में एप्रोच रोड धंसने से स्थानीय लोगों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता और संबंधित एजेंसियों पर सवाल उठाए हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। प्रेमनगर कोतवाली पुलिस के अनुसार पुल पूरी तरह सुरक्षित है तथा केवल एप्रोच रोड का हिस्सा क्षतिग्रस्त हुआ है, जिसकी मरम्मत संबंधित कार्यदायी संस्था द्वारा की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि जल्द ही मार्ग को दोबारा यातायात के लिए खोल दिया जाएगा।
घटना की जानकारी मिलने पर जिलाधिकारी आशीष चौहान ने मौके पर पहुंचकर क्षतिग्रस्त एप्रोच वॉल का निरीक्षण किया और अधिकारियों को तीन घंटे के भीतर इसे बहाल करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पीडब्ल्यूडी और सीपीडब्ल्यूडी के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर जांच कर रहे हैं तथा रिपोर्ट के आधार पर यदि कोई विभागीय अधिकारी दोषी पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

Chief Editor, Aaj Khabar
