Nainital: डॉ. आर.एस. टोलिया प्रशासनिक अकादमी में आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने साफ शब्दों में कहा कि निर्माणाधीन परियोजनाओं में किसी भी प्रकार की देरी स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने सभी विभागों को निर्देश दिए कि समयबद्धता और गुणवत्ता के साथ कार्य पूर्ण करें, ताकि लागत वृद्धि से बचा जा सके और जनता को समय पर सुविधाएं मिल सकें।
मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि यदि परियोजनाओं में किसी भी प्रकार की प्रशासनिक, तकनीकी या प्रक्रियागत बाधाएं सामने आती हैं तो उनका तत्काल समाधान किया जाए। शासन स्तर की समस्याओं को बिना देरी के उच्च स्तर पर भेजा जाए, ताकि विकास कार्य बाधित न हों।
बैठक में उन्होंने मासिक लक्ष्य तय कर नियमित प्रगति सुनिश्चित करने, लंबित टेंडर और तकनीकी स्वीकृतियों को शीघ्र पूरा करने तथा जिलास्तर पर निरंतर समीक्षा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजनाओं की गति बढ़ने से जनसुविधाओं में सुधार होगा और राज्य का समग्र विकास तेज होगा।
पर्यटन सीजन को देखते हुए मुख्य सचिव ने प्रशासन, पुलिस और परिवहन विभाग को अलर्ट रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पर्यटकों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए ट्रैफिक, पार्किंग और अन्य व्यवस्थाएं चाक-चौबंद रखी जाएं। साथ ही, आवश्यक स्थानों पर स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री घोषणाओं के तहत स्वीकृत कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि सभी परियोजनाओं को तय समयसीमा में पूरा किया जाए। इसके अलावा सीएम हेल्पलाइन में प्राप्त शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण करने पर भी विशेष जोर दिया गया।
बैठक में लगभग 41 करोड़ रुपये की लागत से कैंची धाम सौंदर्यीकरण कार्य, 3678 करोड़ रुपये की जमरानी बांध परियोजना, 298 करोड़ की बलियानाला ट्रीटमेंट योजना और हल्द्वानी-रामनगर बस टर्मिनल सहित कई बड़ी परियोजनाओं की समीक्षा की गई। धीमी प्रगति पर नाराजगी जताते हुए मुख्य सचिव ने संबंधित विभागों को तेजी लाने के निर्देश दिए।
पेयजल योजनाओं की समीक्षा के दौरान उन्होंने जल जीवन मिशन के कार्यों को गर्मी से पहले पूरा करने पर जोर दिया। साथ ही इन्द्रानगर सीवरेज, कालाआगर पेयजल योजना और हल्द्वानी सीवरेज परियोजनाओं को तय समयसीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने कहा कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए नैनीताल को एक आदर्श और योजनाबद्ध तरीके से विकसित जनपद बनाएं। उन्होंने जनहित से जुड़े आवश्यक कार्यों को प्राथमिकता देते हुए उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल, आयुक्त कुमाऊं दीपक रावत, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. मंजूनाथ टीसी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।


Chief Editor, Aaj Khabar
