Dehradun: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में एटीएम फ्रॉड का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां थाना प्रेमनगर पुलिस ने लोगों को निशाना बनाकर ठगी करने वाले शातिर गैंग का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस गिरोह के तीन आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए उनके कब्जे से विभिन्न बैंकों के कुल 66 एटीएम कार्ड बरामद किए हैं।
पुलिस के मुताबिक, यह गैंग एटीएम बूथ पर आने वाले लोगों की मदद करने के बहाने उनका एटीएम कार्ड बदल देता था और चालाकी से उनका पिन नंबर जानकर उनके खातों से पैसे निकाल लेता था। आरोपी खासतौर पर अकेले और बुजुर्ग लोगों को अपना निशाना बनाते थे।
जांच में सामने आया है कि आरोपी पहले एटीएम बूथ में मौजूद लोगों से बातचीत कर उन्हें अपनी बातों में उलझा लेते थे। इसके बाद “मदद” करने के नाम पर उनका एटीएम कार्ड लेकर बड़ी सफाई से कार्ड बदल देते थे। इसी दौरान वे पीड़ित का पिन भी देख लेते थे, जिससे बाद में आसानी से खाते से पैसे निकाल लिए जाते थे।
थाना प्रेमनगर क्षेत्र में चलाए जा रहे चेकिंग अभियान के दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि इलाके में एटीएम ठगी करने वाला गिरोह सक्रिय है। सूचना के आधार पर पुलिस ने “ऑपरेशन प्रहार” के तहत सघन चेकिंग अभियान चलाया।
इस दौरान पुलिस ने एक संदिग्ध सफेद कार को रोका, जिसमें तीन युवक सवार थे। पूछताछ में उन्होंने अपने नाम इमरान, नसीरुद्दीन और खालिद बताए। तलाशी लेने पर उनके पास से अलग-अलग बैंकों के 66 एटीएम कार्ड बरामद हुए। संतोषजनक जवाब न मिलने पर पुलिस ने कोतवाली प्रेमनगर में मुकदमा दर्ज कर तीनों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने विकासनगर के हरबर्टपुर क्षेत्र में एक व्यक्ति का एटीएम बदलकर उसके खाते से 50 हजार रुपये निकाल लिए थे। इस संबंध में पहले ही कोतवाली विकासनगर में मामला दर्ज है।
प्रारंभिक जांच के अनुसार, इस गिरोह ने अब तक कई लोगों को अपना शिकार बनाते हुए करीब 25 लाख रुपये से अधिक की रकम विभिन्न खातों से निकाली है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गिरोह ने और किन लोगों को निशाना बनाया है।
थाना प्रभारी नरेश राठौर ने लोगों से अपील की है कि एटीएम में किसी भी अजनबी व्यक्ति की मदद न लें और अपना पिन नंबर किसी के साथ साझा न करें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत पुलिस को सूचना दें।

Chief Editor, Aaj Khabar
