Haldwani: पुलिस महानिरीक्षक कुमाऊं परिक्षेत्र श्रीमती निवेदिता कुरेती ने मंगलवार को हल्द्वानी में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान पुलिस आधुनिकीकरण, सीसीटीएनएस और साइबर पोर्टलों की ऑनलाइन समीक्षा की प्रगति साझा की। उन्होंने कहा कि तकनीक आधारित पुलिसिंग, त्वरित शिकायत निस्तारण और साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण आधुनिक पुलिस व्यवस्था की प्राथमिकता है।
उन्होंने बताया कि 1 जनवरी 2026 से 20 जुलाई 2026 तक कुमाऊं परिक्षेत्र में सीसीटीएनएस पोर्टल के माध्यम से 19,619 ऑनलाइन सम्मन प्राप्त हुए, जिनमें से 50 प्रतिशत की तामील सुनिश्चित की गई।
साइबर अपराध नियंत्रण के क्षेत्र में कुमाऊं पुलिस ने उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। साइबर धोखाधड़ी के मामलों में विवेचना के दौरान 58.14 लाख रुपये से अधिक की धनराशि पीड़ितों को वापस कराई गई। मात्र एक माह में धनराशि वापसी का प्रतिशत 24.04 से बढ़कर 40.64 प्रतिशत हो गया, जबकि पीड़ितों के अनुरोधों पर पुलिस की कार्रवाई 220 से बढ़कर 1,084 तक पहुंच गई। धनराशि वापसी में पिथौरागढ़ ने 70.5 प्रतिशत के साथ सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया।
साइबर अपराध पर प्रभावी कार्रवाई करते हुए 1,268 संदिग्ध लोकेशन चिन्हित की गईं, 303 सिम कार्ड और 320 आईएमईआई ब्लॉक किए गए। वहीं 240 संदिग्ध म्यूल अकाउंट का सत्यापन कर 32 एफआईआर दर्ज की गईं। नागरिकों को थाने आए बिना राहत देने के लिए 190 शिकायतों को ई-जीरो एफआईआर और लिंक एफआईआर के माध्यम से पंजीकृत किया गया।
अंतर्राज्यीय समन्वय के तहत कुमाऊं रेंज द्वारा अन्य राज्यों को भेजे गए 8,120 सहायता अनुरोधों में 79.79 प्रतिशत का सफल निस्तारण कराया गया, जबकि अन्य राज्यों से प्राप्त 2,746 अनुरोधों में 96.94 प्रतिशत का समयबद्ध निस्तारण किया गया। इस उपलब्धि को आईजी निवेदिता कुरेती ने साइबर पुलिसिंग की बड़ी सफलता बताया।
उन्होंने बताया कि 172 साइबर अपराधियों की प्रोफाइल राष्ट्रीय पोर्टल पर अपलोड की गई, जिनमें 78 अंतर्राज्यीय गिरोहों से जुड़े पाए गए। साइबर स्लेवरी अभियान के तहत लौटे 35 पीड़ितों में से 29 का सत्यापन कर आवश्यक कार्रवाई की गई। बाल ऑनलाइन सुरक्षा के तहत 279 शिकायतों में से 220 का निस्तारण किया गया तथा 14 मामलों में आपत्तिजनक ऑनलाइन सामग्री हटवाई गई।
क्षमता विकास के तहत रेंज के 6,259 पुलिसकर्मियों ने साइबर प्रशिक्षण के लिए पंजीकरण कराया और अब तक 12,170 प्रशिक्षण प्रमाणपत्र जारी किए जा चुके हैं। जनजागरूकता अभियान के अंतर्गत 1,514 विद्यालयों, महाविद्यालयों और संस्थानों, 1,349 जागरूकता शिविरों, 3,253 सार्वजनिक स्थलों तथा 8,588 वरिष्ठ नागरिकों तक साइबर सुरक्षा का संदेश पहुंचाया गया। सोशल मीडिया अभियानों को लगभग 3.42 करोड़ व्यूज प्राप्त हुए।
आईजी निवेदिता कुरेती ने सभी जनपद प्रभारियों को निर्देश दिए कि सीसीटीएनएस एवं साइबर पोर्टलों पर प्रत्येक शिकायत का समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और संवेदनशील निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि आमजन का पुलिस पर विश्वास और अधिक मजबूत हो सके। उन्होंने अन्य राज्यों से प्राप्त लगभग 97 प्रतिशत अनुरोधों के समयबद्ध निस्तारण को कुमाऊं पुलिस की उत्कृष्ट उपलब्धि बताते हुए पूरी टीम की सराहना की।

Chief Editor, Aaj Khabar
