Haldwani: हल्द्वानी के थाना मुखानी क्षेत्र में अवैध रूप से संचालित एक नशा मुक्ति केंद्र की गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है, जिसमें 17 वर्षीय किशोर की हालत नाजुक बनी हुई है। पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार त्रिलोक नगर, मुखानी निवासी जया अधिकारी ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि उनका पुत्र शुभम अधिकारी नशे की लत से जूझ रहा था। उसके उपचार के लिए करीब दो महीने पहले उसे “संकल्प नशा मुक्ति समिति” नामक केंद्र में भर्ती कराया गया था।
21 तारीख को जब वह अपने पुत्र से मिलने केंद्र पहुंचीं, तब उसकी स्थिति सामान्य थी। लेकिन उसी दिन बाद में केंद्र से सूचना मिली कि उनका बेटा अचानक बेहोश हो गया है और उसे अस्पताल ले जाया गया है। जब परिजन सुशीला तिवारी अस्पताल पहुंचे तो वहां नशा मुक्ति केंद्र का कोई भी जिम्मेदार व्यक्ति मौजूद नहीं था।
डॉक्टरों की जांच में सामने आया कि किशोर के लीवर और किडनी गंभीर रूप से प्रभावित हैं और उसकी हालत अत्यंत नाजुक है। फिलहाल उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है।
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि संबंधित नशा मुक्ति केंद्र बिना पंजीकरण के अवैध रूप से संचालित किया जा रहा था। साथ ही नाबालिग को गैरकानूनी तरीके से केंद्र में रखा गया और उसके उपचार में भी गंभीर लापरवाही बरती गई।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर थाना मुखानी में FIR संख्या 50/26 दर्ज की गई है। यह मुकदमा भारतीय न्याय संहिता की धारा 125 तथा मानसिक स्वास्थ्य देखरेख अधिनियम 2017 की धारा 87/108 के तहत दर्ज किया गया है। पुलिस ने केंद्र की संचालिका आयुषी कपिल के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

Chief Editor, Aaj Khabar
