Nainital: प्रदेश में बढ़ती आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से पुलिस महानिदेशक उत्तराखण्ड के निर्देश पर जनपद नैनीताल में “ऑपरेशन क्रैक डाउन वेरिफिकेशन ड्राइव” की शुरुआत कर दी गई है। एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजुनाथ टीसी के निर्देशन में 15 फरवरी 2026 से एक माह तक चलने वाले इस विशेष अभियान के तहत जिलेभर में सघन सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है।
एसएसपी ने सभी थाना और चौकी प्रभारियों को विशेष टीमें गठित कर अभियान को प्रभावी रूप से संचालित करने के निर्देश दिए हैं। एसपी नैनीताल डॉ. जगदीश चन्द्र एवं एसपी हल्द्वानी मनोज कुमार कत्याल के नेतृत्व में पुलिस टीमें फैक्ट्री, धर्मशाला, आश्रम, होटल, गेस्ट हाउस, होम स्टे, हॉस्टल और पेइंग गेस्ट हाउस सहित विभिन्न प्रतिष्ठानों का रिकॉर्ड तैयार कर सत्यापन कर रही हैं।
अभियान के दौरान निजी और सार्वजनिक संस्थानों, शिक्षण संस्थानों, कोचिंग सेंटरों, श्रमिकों, रेहड़ी-ठेली संचालकों तथा किरायेदारों का सत्यापन किया जा रहा है। बाहरी राज्यों अथवा अन्य देशों से आकर निजी हॉस्टलों या किराये के मकानों में रह रहे छात्र-छात्राओं की भी पहचान सुनिश्चित की जा रही है। अल्पावधि के लिए ठहरने वाले व्यक्तियों के पहचान पत्रों की जांच संबंधित होटल, गेस्ट हाउस और होम स्टे के माध्यम से की जा रही है।
सत्यापन के दौरान संदिग्ध अथवा आपराधिक प्रवृत्ति के व्यक्तियों के मोबाइल नंबरों को सर्विलांस पर रखकर स्थानीय पुलिस, अभिसूचना इकाई एवं एसओजी/एसटीएफ द्वारा निगरानी की जाएगी। साथ ही मकान मालिकों से अपने किरायेदारों का पूर्ण विवरण स्थानीय थाने में उपलब्ध कराने की अपील की गई है।
एसएसपी डॉ. मंजुनाथ टीसी ने स्पष्ट किया कि अभियान का मुख्य उद्देश्य महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और स्थानीय निवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। किसी भी आपराधिक अथवा असामाजिक तत्व को समाज में अशांति फैलाने की अनुमति नहीं दी जाएगी और कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।


Chief Editor, Aaj Khabar
