Uttarakhand: टीएचडीसी की निर्माणाधीन टनल में हुए हादसे के बाद लापता दो लोगों की तलाश के लिए जिला प्रशासन ने रेस्क्यू अभियान और तेज कर दिया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन में डीएम गौरव कुमार स्वयं खोज एवं बचाव अभियान की लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं और रेस्क्यू टीमों के साथ समन्वय कर आवश्यक दिशा निर्देश दे रहे हैं।
लापता दोनों लोगों की तलाश में एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, आईटीबीपी, पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें युद्धस्तर पर सघन सर्च ऑपरेशन चला रही हैं। टनल के भीतर जमा पानी को पंपों की मदद से लगातार बाहर निकाला जा रहा है, ताकि रेस्क्यू टीमों को प्रभावित हिस्सों तक पहुंचने और गहन खोजबीन करने में सुविधा मिल सके।
रेस्क्यू अभियान के दौरान टनल के भीतर फंसी मशीनों और भारी अवरोधों को हटाने का काम भी प्राथमिकता से किया जा रहा है। आधुनिक उपकरणों और तकनीकी संसाधनों की मदद से मशीनों को बाहर निकालकर रेस्क्यू टीमों के लिए आगे बढ़ने का रास्ता साफ किया जा रहा है। मलबे और प्रभावित हिस्सों को व्यवस्थित तरीके से हटाते हुए संभावित सभी स्थानों पर बारीकी से सर्च किया जा रहा है।
रेस्क्यू टीमें टनल के भीतर हर संभावित स्थान को चिन्हित कर सघन जांच कर रही हैं। मलबे के बीच छोटी से छोटी जगह और ऐसे सभी हिस्सों की भी गहन पड़ताल की जा रही है, जहां लापता लोगों के होने की संभावना हो सकती है। अभियान में किसी भी संभावित स्थान को छोड़ा नहीं जा रहा है।
डीएम गौरव कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के क्रम में हादसे की मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए गए हैं। जांच में हादसे के कारणों और परिस्थितियों की विस्तृत जानकारी जुटाई जाएगी तथा सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन के अनुसार हादसे के बाद अब तक कुल 20 लोगों को टनल से बाहर निकाला गया है। इनमें 12 श्रमिकों को सकुशल बाहर निकालकर जिला चिकित्सालय में उपचार के लिए भर्ती कराया गया है, जबकि हादसे में 8 लोगों की दुखद मृत्यु हुई है। टनल में फंसे दो शेष लोगों की तलाश के लिए रेस्क्यू अभियान लगातार जारी है।

Chief Editor, Aaj Khabar
