॰ डॉ. आशुतोष सयाना ने दोबारा संभाली चिकित्सा शिक्षा निदेशक की कमान।
॰ डॉ. अजय कुमार आर्य को मिली राजकीय मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी के प्राचार्य की जिम्मेदारी।
॰ डॉ. चन्द्रप्रकाश भैसोड़ा अब संभालेंगे राजकीय मेडिकल कॉलेज रुद्रपुर का नेतृत्व।
॰ डॉ. चन्द्र मोहन सिंह रावत को सौंपी गई राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर की कमान।
॰ डॉ. जी. एस. तितियाल बने राजकीय मेडिकल कॉलेज अल्मोड़ा के नए प्राचार्य।
॰ डॉ. पंकज सिंह को राजकीय मेडिकल कॉलेज हरिद्वार का प्रभारी प्राचार्य बनाया गया।
Uttarakhand: उत्तराखंड शासन के चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग ने सोमवार को राज्य के मेडिकल कॉलेजों में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए छह वरिष्ठ प्राचार्यों एवं संकाय सदस्यों के स्थानांतरण और प्रभार परिवर्तन के आदेश जारी किए हैं। संयुक्त सचिव शिवेंद्र नारायण सिंह के हस्ताक्षर से जारी आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिए गए हैं।
शासन के अनुसार चिकित्सा शिक्षा संस्थानों में प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी और सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से विभिन्न राजकीय मेडिकल कॉलेजों के प्राचार्यों और वरिष्ठ अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
जारी आदेश के अनुसार डॉ. अजय कुमार आर्य को निदेशक, चिकित्सा शिक्षा के प्रभार से मुक्त कर राजकीय मेडिकल कॉलेज, हल्द्वानी का प्राचार्य नियुक्त किया गया है। वहीं डॉ.आशुतोष सयाना को राजकीय मेडिकल कॉलेज, श्रीनगर के प्राचार्य पद से निदेशक, चिकित्सा शिक्षा का प्रभार सौंपा गया है।
इसी प्रकार डॉ. चन्द्रप्रकाश भैसोड़ा को राजकीय मेडिकल कॉलेज, अल्मोड़ा से राजकीय मेडिकल कॉलेज, रुद्रपुर का प्राचार्य बनाया गया है। डॉ. चन्द्र मोहन सिंह रावत को राजकीय मेडिकल कॉलेज, हरिद्वार से राजकीय मेडिकल कॉलेज, श्रीनगर का प्राचार्य नियुक्त किया गया है। डॉ. जी. एस. तितियाल को राजकीय मेडिकल कॉलेज, हल्द्वानी से राजकीय मेडिकल कॉलेज, अल्मोड़ा का प्राचार्य बनाया गया है। वहीं राजकीय मेडिकल कॉलेज, हल्द्वानी के प्रोफेसर डॉ. पंकज सिंह को राजकीय मेडिकल कॉलेज, हरिद्वार का प्रभारी प्राचार्य नियुक्त किया गया है।
शासन ने सभी स्थानांतरित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे तत्काल प्रभाव से अपने नए तैनाती स्थल पर कार्यभार ग्रहण करें और इसकी सूचना विभाग को उपलब्ध कराएं।
राज्य सरकार का मानना है कि इस प्रशासनिक फेरबदल से मेडिकल कॉलेजों की कार्यप्रणाली अधिक प्रभावी होगी और चिकित्सा शिक्षा व्यवस्था को नई मजबूती मिलेगी।


Chief Editor, Aaj Khabar
