Dehradun: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई उत्तराखंड मंत्रिमंडल की बैठक में कुल आठ महत्वपूर्ण प्रस्तावों को स्वीकृति दी गई। बैठक शुरू होने से पहले महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार के विमान दुर्घटना में निधन पर शोक व्यक्त किया गया और दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखा गया।
कैबिनेट बैठक में राज्य के प्रशासनिक, औद्योगिक, शैक्षणिक और आधारभूत ढांचे से जुड़े अहम निर्णय लिए गए। स्वास्थ्य विभाग के अंतर्गत स्वास्थ्य कार्यकर्ता एवं स्वास्थ्य पर्यवेक्षक सेवा नियमावली 2026 को मंजूरी दी गई। इसके साथ ही राजस्व विभाग के तहत परियोजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण को लेकर आपसी सहमति आधारित प्रक्रिया का निर्धारण किया गया।
उधम सिंह नगर स्थित प्राग फार्म की 1354.14 एकड़ भूमि को औद्योगिक आस्थान विकसित करने हेतु सिडकुल को हस्तांतरित करने संबंधी शासनादेश में संशोधन को भी कैबिनेट ने स्वीकृति दी। जनजाति कल्याण विभाग में देहरादून, चमोली, उधम सिंह नगर और पिथौरागढ़ जैसे अनुसूचित जनजाति बाहुल्य जिलों में योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए विभागीय ढांचे के पुनर्गठन पर सहमति बनी।
इसके अलावा उत्तराखंड जनजाति कल्याण राजपत्रित अधिकारी सेवा (संशोधन) नियमावली 2025 के प्रख्यापन को मंजूरी दी गई। राज्य में गैर कृषिकारी उपयोग के लिए भूजल निकासी पर जल मूल्य प्रभार की दरें लागू करने का भी निर्णय लिया गया।
शिक्षा क्षेत्र में बड़ा फैसला लेते हुए उत्तराखंड निजी विश्वविद्यालय अधिनियम 2023 में संशोधन कर जीआरडी उत्तराखंड नाम से नए विश्वविद्यालय की स्थापना को स्वीकृति दी गई। वहीं, गौचर और चिल्यालीसौड़ हवाई पट्टी को संयुक्त नागरिक और सैन्य उपयोग के लिए रक्षा मंत्रालय को हस्तांतरित करने पर भी सहमति बनी।
कैबिनेट ने राज्य में वैकल्पिक ऊर्जा को बढ़ावा देने की दिशा में अहम कदम उठाते हुए उत्तराखंड ग्रीन हाइड्रोजन नीति 2026 के प्रख्यापन को भी मंजूरी दी है।

Chief Editor, Aaj Khabar
